◆ जिला बेसिक शिक्षाधिकारी कार्यालय परिसर में जुटा शिक्षकों का हुजूम, महिला शिक्षकों की उल्लेखनीय भागीदारी
अयोध्या। टीचर्स फेडरेशन ऑफ इंडिया के तत्वावधान में उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ, उ प्र जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ एवं उ प्र महिला शिक्षक संघ के संयुक्त आह्वान पर जिला बेसिक शिक्षाधिकारी कार्यालय परिसर में शिक्षकों ने धरना प्रदर्शन किया। “टेट का काला कानून वापस लो” और “शिक्षक एकता जिंदाबाद” के नारों से परिसर गूंज उठा। बड़ी संख्या में महिला शिक्षकों की भागीदारी विशेष रूप से उल्लेखनीय रही।
धरना सभा की अध्यक्षता प्रांतीय ऑडिटर एवं जिलाध्यक्ष नीलमणि त्रिपाठी ने की, जबकि संचालन जिला उपाध्यक्ष ओम प्रकाश यादव ने किया। सभा के पश्चात शिक्षक जिलाधिकारी कार्यालय की ओर मार्च करते हुए पहुंचे, जहां सिटी मजिस्ट्रेट ने जिलाधिकारी के प्रतिनिधि के रूप में प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन प्राप्त किया।
सभा को संबोधित करते हुए नीलमणि त्रिपाठी ने कहा कि आरटीई अधिनियम लागू होने से पूर्व नियुक्त शिक्षकों के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा (टेट) उत्तीर्ण करना अनिवार्य करना अव्यवहारिक है। उन्होंने केंद्र सरकार से टेट की अनिवार्यता समाप्त करने हेतु प्रभावी कदम उठाने की मांग की।
जिला मंत्री चक्रवर्ती सिंह ने कहा कि “खेल शुरू होने के बाद नियम नहीं बदले जाते।” उनके अनुसार सेवारत शिक्षक नियुक्ति के समय निर्धारित सभी सेवा शर्तों को पूरा कर चुके हैं और वर्षों के शिक्षण अनुभव को नजरअंदाज कर टेट की बाध्यता थोपना अपमानजनक है।
जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष अरुण कुमार तिवारी ने कहा कि उच्चतम न्यायालय के निर्णय से लाखों शिक्षकों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। उन्होंने सरकार से इस व्यवस्था पर पुनर्विचार करने की मांग की। वहीं महिला शिक्षक संघ की जिलाध्यक्ष मनोरमा साहू ने सेवारत शिक्षकों के लिए टेट अनिवार्यता को अमानवीय बताते हुए इसे समाप्त करने की मांग दोहराई।
सभा को वीरेंद्र भारती, चंद्रप्रकाश यादव, नीलम मंध्यान, गोपाल श्रीवास्तव, चंदा वर्मा, सुषमा गुप्ता और हेमंत शुक्ला सहित अन्य वक्ताओं ने भी संबोधित किया। धरने में धर्मेंद्र सिंह, अनुज सिंह, सत्येंद्र गुप्ता, महेंद्र यादव, सिकंदर सिंह, अनिल सिंह, संतोष यादव, मुकेश प्रताप सिंह, अजय सिंह, अविनाश पांडे, मोहम्मद आरिफ, मोहम्मद तारिक, रजनीरंजन जायसवाल, अर्चना गोस्वामी, संजय सिंह, सत्येंद्र पाल सिंह, समीर सिंह, उद्धव श्याम तिवारी, भगवती यादव, रवींद्र वर्मा, प्रवेश कुमार, रवींद्र गौतम, बरसाती राही, हरिकिशन निषाद, नरेंद्र सिंह, किरण वर्मा, सतीश गुप्ता, अनिल प्रताप सिंह, संचराज वर्मा, यमुना लाल यादव, आलोक यादव, अंजू यादव, रेनू सिंह, किरण लता मिश्रा, रामजी गुप्ता, सरवरे आलम, मांडवी सिंह, मेहंदी खां, अशोक कुमार, सुग्रीव यादव और कृष्ण कुमार यादव सहित बड़ी संख्या में शिक्षक उपस्थित रहे।