अयोध्या। नाका चुंगी क्षेत्र स्थित नीलकंठ मेरिज लॉन में लगने वाली मेला प्रदर्शनी को लेकर स्थानीय लोगों ने जिलाधिकारी से शिकायत कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया गया है कि यह मेला हर वर्ष बिना विधिक मानकों का पालन किए संचालित किया जा रहा है, जिससे क्षेत्र में अव्यवस्था और परेशानी का माहौल बना रहता है।
शिकायतकर्ताओं का कहना है कि मेला प्रदर्शनी मुख्य मार्ग के किनारे आयोजित होती है, जिसके चलते लंबे समय तक जाम की स्थिति बनी रहती है। इसके अलावा देर रात तक तेज ध्वनि में डीजे बजने से आसपास रहने वाले लोगों और सामने स्थित हास्पिटल में भर्ती मरीजों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। प्रार्थना पत्र में यह भी उल्लेख किया गया है खडी गाडियों के कारण लगे जाम से एम्बुलेंस व फायर ब्रिगेड की गाड़ियां जाम में फंस जाती हैं।
आरोप है कि स्थानीय पुलिस की शिथिलता के कारण अवैध रूप से मेला संचालित हो रहा है। आरोप है कि अधिकांश बाहरी व्यक्तियों के द्वारा यहां दुकान लगाई जाती है जिस कारण उनकी आपराधिक गतिविधियों पर भी निगरानी नहीं रहती।
शिकायती पत्र में 22 जून 2025 को घटी घटना का हवाला देते हुए बताया गया कि पुलिस ड्यूटी के बावजूद मेला देखने गए 6 वर्षीय बालक के साथ अप्राकृतिक दुष्कर्म हुआ था। इस मामले में 6 अभियुक्तों को जेल भेजा गया था। आरोप है कि मेले में तैनात कर्मचारी और दुकानदार बाहरी जिलों के होते हैं जिनका आपराधिक रिकॉर्ड स्थानीय पुलिस के पास उपलब्ध नहीं रहता। इससे अपराधिक प्रवृत्ति के लोगों की मौजूदगी बढ़ती है और क्षेत्र में असुरक्षा का माहौल बना रहता है। शिकायतकर्ताओं ने मेला प्रदर्शनी के संचालन पर रोक लगाने तथा जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। शिकायती पत्र में हेमंत जायसवाल, राजकुमार जायसवाल, अभिषेक सिंह, इशरत अली, विमल जायसवाल, सुनील कुमार, मनीष जायसवाल, रमेश कुमार, राजेश मौर्य, शेर बहादुर सिंह, मोहित गुप्ता समेत कई लोगो के हस्ताक्षर है।