अंबेडकर नगर। तहसील जलालपुर क्षेत्र के थाना कटका अंतर्गत रामापुर गांव के मजरे मसमूले नूरपुर कलां निवासी एक व्यक्ति ने अपने दिवंगत भाई की संपत्ति हड़पने के लिए फर्जी दस्तावेज तैयार कराने का आरोप लगाया है। मामले में पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जलालपुर पुलिस ने सहायक विकास अधिकारी सहित सात लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी समेत विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार सत्यनारायण शुक्ल ने आरोप लगाया कि उनके भाई रामप्रकाश शुक्ल का निधन 13 फरवरी 2024 को हो गया था। उनकी शादी ऊषा किरण से हुई थी, लेकिन वर्ष 2010 में न्यायालय के आदेश से दोनों का विवाह विच्छेद हो गया था और उनकी कोई संतान नहीं थी।
आरोप है कि फुफेरे भाई राधेश्याम उर्फ राधिका प्रसाद व उनकी पत्नी कृष्णा देवी ने साजिश के तहत रामप्रकाश की संपत्ति हड़पने की योजना बनाई। इसके तहत संतोष शुक्ला व प्रीति रानी को रामप्रकाश शुक्ल और कथित गंगोत्री देवी का पुत्र-पुत्री दर्शाते हुए फर्जी अभिलेख तैयार कराए गए, जबकि गंगोत्री देवी नाम की किसी महिला का अस्तित्व ही नहीं है।
प्रार्थी के अनुसार आरोपितों ने बिना ग्राम सभा की खुली बैठक कराए ही अवैध रूप से परिवार रजिस्टर में नाम दर्ज करा लिया, जो नियमों के विरुद्ध है। मामले में संतोष शुक्ला, प्रीति रानी, सुमित कुमार शुक्ल, राजितराम, रविन्द्र प्रताप, ग्राम पंचायत अधिकारी सुरजीत मौर्य तथा सहायक विकास अधिकारी सुनील कुमार श्रीवास्तव को नामजद किया गया है।
कोतवाली जलालपुर के प्रभारी निरीक्षक अजय प्रताप सिंह यादव ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है और मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।