जलालपुर अम्बेडकर नगर। साइबर ठगों ने एक बार फिर आमजन को निशाना बनाते हुए यूपीआई के माध्यम से एक बैंक खाताधारक के खाते से 2.86 लाख रुपये से अधिक की धनराशि उड़ा ली। पीड़ित की शिकायत के बावजूद समय पर प्राथमिकी दर्ज न होने से मामला बंद हो गया, जिससे पीड़ित को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
कोतवाली जलालपुर क्षेत्र के भाऊकुआ निवासी होरी लाल शर्मा के अनुसार बीते पांच और छः नवंबर के बीच अज्ञात व्यक्तियों ने उनके बैंक खाते से बिना जानकारी के अलग-अलग किश्तों में यूपीआई के जरिए धनराशि स्थानांतरित कर ली। यह लेन-देन विभिन्न नामों और कंपनियों के खातों में किया गया।
ठगी की जानकारी होते ही पीड़ित ने छः नवंबर को अपने बैंक और संबंधित कार्यालय को अग्रिम सूचना दी, जिसके आधार पर साइबर अपराध पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई गई। साथ ही हेल्पलाइन नंबर 1930 पर भी संपर्क किया गया। पीड़ित का कहना है कि बाद में जानकारी मिली कि मुकदमा दर्ज न होने के कारण साइबर पोर्टल पर मामला बंद कर दिया गया है।
पीड़ित के अनुसार प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए तहरीर पहले ही दी जा चुकी थी, इसके बावजूद न तो मुकदमे की प्रति उपलब्ध कराई गई और न ही कोई रिपोर्ट नंबर जारी किया गया। इससे केस की जांच आगे नहीं बढ़ सकी।
पीड़ित ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल एफ आई आर दर्ज कर दोबारा केस को सक्रिय किया जाए, ताकि साइबर अपराधियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करते हुए ठगी की धनराशि वापस कराई जा सके।
इस संबंध में कोतवाली प्रभारी संतोष कुमार सिंह ने बताया कि मामले में मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है और आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है। घटना ने एक बार फिर साइबर अपराधों में त्वरित एफआईआर और समन्वित कार्रवाई की आवश्यकता को उजागर किया है।