Wednesday, July 29, 2026
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मंडल में सौर ऊर्जा कनेक्शन का दायरा बढ़ा, बाराबंकी पहले और अयोध्या दूसरे स्थान पर


अयोध्या। मंडल में सौर ऊर्जा कनेक्शन के प्रति आमजन की रुचि लगातार बढ़ रही है। पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत अब तक मंडल के कुल 33,269 लोगों ने पंजीकरण कराया है, जबकि 16 हजार से अधिक उपभोक्ता सौर ऊर्जा कनेक्शन स्थापित करा चुके हैं। आंकड़ों के अनुसार पंजीकरण और कनेक्शन लेने के मामले में बाराबंकी जिला पहले स्थान पर है, जबकि अयोध्या दूसरे स्थान पर है।

मंडल में अब तक हुए पंजीकरण के आंकड़ों के अनुसार बाराबंकी में 10,445, अयोध्या में 7,808, अंबेडकर नगर में 5,575, अमेठी में 5,081 तथा सुल्तानपुर में 4,360 लोगों ने आवेदन किया है। वहीं अब तक स्थापित कनेक्शनों में बाराबंकी में 6,425, अयोध्या में 3,475, अंबेडकर नगर में 2,363, अमेठी में 2,057 और सुल्तानपुर में 1,893 कनेक्शन लगाए जा चुके हैं।

सोलर रूफटॉप संयंत्रों के अंतर्गत प्रति किलोवॉट लगभग 10 वर्गमीटर छाया रहित छत की आवश्यकता होती है। एक किलोवॉट के संयंत्र से प्रतिदिन औसतन 4 से 5 यूनिट बिजली का उत्पादन होता है। उपयोग के बाद बची बिजली नेट मीटरिंग के माध्यम से ग्रिड में चली जाती है, जिसका समायोजन विद्युत बिल में किया जाता है। सामान्यतः 3 से 4 वर्षों में सोलर संयंत्र पर किया गया खर्च बिजली बिल की बचत से निकल आता है।

घरेलू उपभोक्ताओं को केंद्र व राज्य सरकार की ओर से अनुदान भी दिया जा रहा है। एक किलोवॉट पर कुल 45 हजार रुपये, दो किलोवॉट पर 90 हजार रुपये और तीन किलोवॉट पर 1.08 लाख रुपये तक का अनुदान मिलता है। एक से दस किलोवॉट तक के संयंत्र की अनुमानित लागत 60 से 65 हजार रुपये प्रति किलोवॉट के बीच बताई जा रही है।

योजना का लाभ लेने के लिए पोर्टल या मोबाइल एप के माध्यम से आवेदन किया जा सकता है। बैंक ऋण की सुविधा भी पोर्टल पर सूचीबद्ध बैंकों के माध्यम से उपलब्ध है।

निराला नगर निवासी कृपा शंकर श्रीवास्तव ने बताया कि उन्होंने तीन किलोवॉट का पैनल लगवाया है, जिससे बिजली बिल में काफी कमी आई है और दोनों सब्सिडी भी प्राप्त हो चुकी है। वहीं रायबरेली रोड क्षेत्र निवासी कृष्ण कुमार ने भी तीन किलोवॉट का पैनल लगवाने के बाद दूसरा कनेक्शन लेने की योजना बनाने की बात कही है, ताकि गर्मी के मौसम में बिजली की जरूरत पूरी हो सके।

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