अयोध्या। ऋषभदेव नेत्र चिकित्सालय में कार्यरत नेत्र सर्जन डॉ. जयंती पांडेय (35) का शव रविवार देर शाम उनके आवास पर फंदे से लटका मिला। घटना की जानकारी मिलते ही चिकित्सालय के डॉक्टरों और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी।
जानकारी के अनुसार डॉ. जयंती पांडेय ऋषभदेव नेत्र चिकित्सालय में नेत्र सर्जन के पद पर कार्यरत थीं और चिकित्सालय परिसर के ब्लॉक-ए स्थित आवास में रहती थीं। रविवार देर शाम उनका शव आवास में फंदे से लटका मिला। घटना की जानकारी होने पर चिकित्सालय के कई डॉक्टर और कर्मचारी उनके आवास पर पहुंच गए।
कोतवाल पंकज सिंह के अनुसार प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। उन्होंने बताया कि परिजनों और परिचितों से पूछताछ की जा रही है। घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच आगे बढ़ाई जा रही है। मौके से कोई सुसाइड नोट मिलने की चर्चा है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर घटना की जांच कर रही है। मौत के पीछे की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
घटना की खबर फैलते ही चिकित्सालय परिसर में शोक का माहौल छा गया। सहकर्मियों ने बताया कि डॉ. जयंती चिकित्सालय में नेत्र चिकित्सा सेवाओं से जुड़ी हुई थीं। पुलिस ने मामले में आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है।