अयोध्या। विकास भवन सभागार में आयोजित बैठक में उप्र गोसेवा आयोग के अध्यक्ष श्याम बिहारी गुप्ता ने कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ की मंशा है कि अयोध्या को प्राकृतिक खेती वाला जिला बनाया जाय। हर किसान के पास कम से कम एक गाय हो। खेती पूरी तरह गोमूत्र-गोबर आधारित हो। जिससे अयोध्या आने वाले देश-विदेश के श्रद्वालुओं को केमिकल फ्री भोजन मिले। उन्होंने कहा कि नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में 26 करोड़ की लागत से अत्याधुनिक लैब स्थापित हो रही है। इस लैब में अन्न और सब्जियों की शुद्धता की जांच होगी। प्रदेश में 2 करोड़ 86 लाख किसान हैं, जबकि गौवंश की संख्या केवल 1 करोड़ 90 लाख। योजना के तहत हर किसान को गाय पालनी होगी, जिससे 1 करोड़ से अधिक नई गायों की जरूरत पड़ेगी।
बैठक में गोसेवा आयोग अध्यक्ष ने गोवंश आश्रय स्थलों पर संरक्षित गोवंश की अद्यतन स्थिति, वृहद गो संरक्षण केन्द्रों के निर्माण की प्रगति, पंजीकृत गोशालाओं, मुख्यमंत्री निराश्रित व बेसहारा गोवंश सहभागिता योजना की प्रगति, अवशेष निराश्रित गोवंश संरक्षण की प्रगति, चारागाह भूमि तथा हरा चारा उत्पादन की प्रगति, गो संरक्षण केन्द्रों में भूसा, हरा-चारा, साइलेज व दाना की नियमित आपूर्ति, गोवंश आश्रय स्थलों की सुरक्षा, वर्षा ऋतु में गोवंश आश्रय स्थलों में संरक्षित गोवंशों को वर्षा से बचाव तथा जल भराव से सुरक्षित रखने के उपाय सहित अन्य बिन्दुओं पर बिन्दुवार समीक्षा सम्बंधित अधिकारियों के साथ की और आवश्यक दिशा निर्देश दिया।
इस अवसर पर बैठक में महापौर महंत गिरीश पति त्रिपाठी, उपाध्यक्ष गो सेवा आयोग महेश शुक्ला व जिलाधिकारी निखिल टीकाराम फुंडे, मुख्य विकास अधिकारी कृष्ण कुमार सिंह, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी सहित अन्य सम्बंधित अधिकारीगण उपस्थित रहे।