अम्बेडकरनगर। कलेक्ट्रेट सभागार में 50 लाख रुपये से अधिक लागत वाली (सड़कों को छोड़कर) निर्माणाधीन एवं पूर्ण परियोजनाओं की समीक्षा बैठक मुख्य विकास अधिकारी आनंद कुमार शुक्ला की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में विभिन्न कार्यदायी संस्थाओं की वित्तीय तथा भौतिक प्रगति की परियोजना-वार समीक्षा की गई और कार्यों में अपेक्षित तेजी लाने के निर्देश दिए गए।
समीक्षा के दौरान उत्तर प्रदेश राजकीय निर्माण निगम लिमिटेड, उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद, सीएनडीएस यूनिट-44, उत्तर प्रदेश राज्य निर्माण एवं श्रम विकास सहकारी संघ तथा उत्तर प्रदेश जल निगम (नगरीय) सहित अन्य संस्थाओं द्वारा कराए जा रहे स्वास्थ्य, शिक्षा, न्यायालय, पुलिस एवं नगर विकास विभाग से संबंधित कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई।
मुख्य विकास अधिकारी ने निर्देश दिया कि जिन परियोजनाओं का कार्य पूर्ण हो चुका है, उनका नियमानुसार शीघ्र हस्तांतरण किया जाए। निर्माणाधीन कार्यों के लिए स्पष्ट समयसीमा निर्धारित कर गुणवत्ता के साथ उन्हें पूरा किया जाए। लंबित एवं विलंबित परियोजनाओं पर नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि देरी पर अर्थदंड बढ़ाया जाए।
जिन कार्यों में धन की कमी, तकनीकी स्वीकृति या प्रशासनिक बाधाएं आ रही हैं, उनका त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही सभी कार्यदायी संस्थाओं को नियमित स्थल निरीक्षण कर प्रगति प्रतिवेदन प्रस्तुत करने को कहा गया। बैठक में जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी व अभियंता उपस्थित रहे।