◆ सेवा संकल्प अभियान के तहत भाषण प्रतियोगिता के विजेताओं को किया गया सम्मानित
अयोध्या। डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय में ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत आयोजित विश्वविद्यालय स्तरीय भाषण प्रतियोगिता के विजेता छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। प्रशासनिक भवन सभागार में आयोजित सम्मान एवं पुरस्कार वितरण समारोह में कुलपति प्रो. बिजेंद्र सिंह ने विजेताओं को पदक, स्मृति चिह्न एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान किए।
‘मेरे सपनों का भारत : विकसित भारत की संकल्पना’ विषय पर आयोजित भाषण प्रतियोगिता तीन चरणों में हुई। पहले चरण में 18 से 25 सितंबर तक महाविद्यालय स्तर, दूसरे चरण में 25 सितंबर से 3 अक्टूबर तक विश्वविद्यालय परिक्षेत्र के अयोध्या, अम्बेडकर नगर, सुल्तानपुर, अमेठी और बाराबंकी जनपदों में जिला स्तरीय प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। अंतिम चरण में 6 अक्टूबर को सिंधी विभाग के सेमिनार हॉल में विश्वविद्यालय स्तरीय प्रतियोगिता हुई। इसमें पांचों जनपदों से चयनित 23 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।
प्रतियोगिता में कृतिकाअग्रवाल (के.एस. साकेत पीजी कॉलेज, अयोध्या) ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। पुष्पेंद्रउपाध्याय (के.एस. साकेत पीजी कॉलेज) और आर्यासिंह (केएनआई, सुल्तानपुर) संयुक्त रूप से द्वितीय रहे। प्रतीक्षापांडेय (आवासीय परिसर, अवध विश्वविद्यालय), आंचलमिश्रा (बीएनकेबी पीजी कॉलेज, अम्बेडकर नगर) और प्रज्ञाश्रीवास्तव (मुंशी रघुनंदन प्रसाद पटेल महिला पीजी कॉलेज, बाराबंकी) ने संयुक्त रूप से तृतीय स्थान प्राप्त किया। अन्य प्रतिभागियों को सहभागिता प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।
कुलपति प्रो. बिजेंद्र सिंह ने कहा कि राष्ट्र का भविष्य युवाओं के विचारों में दिखाई देता है। विकसित भारत केवल नारा या नीतिगत दस्तावेज नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की साझा प्रतिबद्धता है। युवाओं को अपनी बौद्धिक ऊर्जा और तकनीकी क्षमता का उपयोग राष्ट्र निर्माण में करते हुए समस्याओं के समाधान का माध्यम बनना चाहिए। उन्होंने कहा कि तकनीकी नवाचार, सामाजिक उत्तरदायित्व और आत्मनिर्भरता के माध्यम से युवा विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में प्रो. फर्रुख जमाल, प्रो. अनूप कुमार, प्रो. मंजूषा मिश्रा, प्रो. अंजनी कुमार सिंह और डॉ. सुरेखा शर्मा शामिल रहे। आयोजन डीएसडब्ल्यू एवं सेवा संकल्प अभियान की नोडल अधिकारी प्रो. नीलम पाठक के निर्देशन में हुआ। आयोजन में प्रो. शैलेन्द्र वर्मा, प्रो. सुरेन्द्र मिश्र, एनएसएस समन्वयक प्रो. आशुतोष सिंह, डॉ. स्नेहा पटेल, डॉ. महेन्द्र पाल सिंह और डॉ. आशुतोष कुमार पाण्डेय का सहयोग रहा।