अयोध्या। राज्यसभा सांसद अमर पाल मौर्य ने उत्तर प्रदेश के अयोध्या, प्रयाग एवं चित्रकूट क्षेत्र को जोड़ने वाले ‘श्रीरामदर्शनरेलपथकॉरिडोर’ के निर्माण की मांग उठाई है। सांसद ने केंद्र सरकार से इस परियोजना को राष्ट्रीय सांस्कृतिक, धार्मिक एवं क्षेत्रीय विकास की दृष्टि से महत्वपूर्ण बताते हुए शीघ्र स्वीकृति प्रदान करने की मांग की है।
सांसद ने कहा कि अयोध्या, प्रयाग और चित्रकूट भारतीय सनातन सांस्कृतिक चेतना, आध्यात्मिक परंपरा और भगवान श्रीराम के वनगमन से जुड़े प्रमुख तीर्थ हैं। इन तीनों स्थलों को रेल नेटवर्क से जोड़ने से श्रद्धालुओं के लिए धार्मिक यात्रा सुगम होगी और क्षेत्र में पर्यटन तथा रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
उन्होंने प्रस्तावित कॉरिडोर के माध्यम से अयोध्या धाम, राम जन्मभूमि, हनुमानगढ़ी, कनक भवन, प्रयागराज, संगम, श्रृंगवेरपुर धाम तथा चित्रकूट धाम को जोड़ने की बात कही। सांसद के अनुसार इन प्रमुख धार्मिक स्थलों के बीच सीधा रेल संपर्क श्रद्धालुओं के आवागमन को आसान बनाएगा।
अमर पाल मौर्य ने कहा कि इस क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन की संभावनाएं अभी भी पूरी तरह विकसित नहीं हुई हैं। रेल कॉरिडोर के निर्माण से स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होने के साथ युवाओं के लिए प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। साथ ही स्थानीय व्यवसाय, पर्यटन, परिवहन और अन्य सेवाओं को भी बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में स्वीकृत विभिन्न धार्मिक पर्यटन परियोजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि ‘श्रीरामदर्शनरेलपथकॉरिडोर’ भी राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय धार्मिक पर्यटन के मानचित्र पर स्थापित किया जा सकता है। उन्होंने प्रधानमंत्री से परियोजना को शीघ्र स्वीकृति देने के लिए आवश्यक कार्यवाही शुरू करने का अनुरोध किया है।