अम्बेडकर नगर। पूर्वांचल की धार्मिक आस्था, सामाजिक एकता और सांस्कृतिक गौरव से परिपूर्ण ऐतिहासिक गोविंद साहब मेला शुक्रवार को अहिरौली गोविंद साहब की तपोभूमि में अत्यंत भव्यता के साथ आरंभ हुआ। सूर्योदय से पहले ही श्रद्धालुओं की भीड़ पवित्र प्रांगण में उमड़ पड़ी, जिससे पूरा क्षेत्र भजन-कीर्तन, वैदिक मंत्रोच्चार और भक्ति भाव से गूंज उठा। सदियों पुरानी इस परंपरा के साक्षी बने हजारों ग्रामीण, श्रद्धालु और आगंतुकों ने धार्मिक उल्लास के साथ मेले के शुभारंभ का आनंद लिया।
मुख्य अतिथि हरिओम पांडेय, सदस्य विधान परिषद, विशिष्ट अतिथि धर्मराज निषाद, विधायक कटेहरी तथा जिला पंचायत अध्यक्ष श्यामसुंदर वर्मा ‘साधू वर्मा’ ने संयुक्त रूप से वैदिक विधि-विधान के बीच फीता काटकर मेले का शुभारंभ किया। अतिथियों ने संत बाबा गोविंद साहब की तपोभूमि को प्रणाम करते हुए मेले की समृद्ध परंपरा की प्रशंसा की।
उद्घाटन समारोह में अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत जितेंद्र कुमार, पूर्व विधायक त्रिवेणी राम, अनीता कमल, ब्लॉक प्रमुख अकबरपुर आनंद वर्मा, पूर्व जिलाध्यक्ष मिथिलेश त्रिपाठी, वरिष्ठ भाजपा नेता रमाशंकर सिंह, जमुना प्रसाद चतुर्वेदी, जिला पंचायत सदस्य तथा विभिन्न क्षेत्र पंचायतों के प्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
मेले को संबोधित करते हुए जिला पंचायत अध्यक्ष साधू वर्मा ने कहा कि गोविंद साहब मेला पूर्वांचल की पहचान है—यह न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि सामाजिक सद्भाव, व्यापारिक गतिविधियों और क्षेत्रीय संस्कृति को ऊर्जा प्रदान करने वाला मंच भी है। उन्होंने जनमानस से अपील की कि वे बड़ी संख्या में मेला पधारकर इस गौरवशाली परंपरा को और अधिक सशक्त बनाएं।
मेले में दुकानदारों, झूलों, व्यापारिक प्रतिष्ठानों और सांस्कृतिक आयोजनों की भव्य तैयारी की गई है। जिला पंचायत प्रशासन ने सभी दुकानदारों और श्रद्धालुओं से साफ-सफाई और अनुशासन बनाए रखने की अपील करते हुए आश्वस्त किया कि मेला पूरी तरह सुरक्षित, सुचारु और स्वच्छ वातावरण में संपन्न कराया जाएगा।
आस्था, परंपरा और संस्कृति का संगम बन चुका यह ऐतिहासिक मेला आगामी दिनों में और भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं को आकर्षित करने की उम्मीद के साथ भक्ति और उत्साह की नई ऊर्जा बिखेर रहा है।