अयोध्या। उत्तर प्रदेश सस्ता गल्ला विक्रेता परिषद के पदाधिकारियों व सदस्यों ने सोमवार को अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जिला पूर्ति कार्यालय पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के उपरांत मुख्यमंत्री को संबोधित एक सूत्रीय ज्ञापन जिला पूर्ति अधिकारी को सौंपा गया। प्रदर्शन में जिले भर के बड़ी संख्या में कोटेदार शामिल हुए।
जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश तिवारी ने कहा कि उत्तर प्रदेश के कोटेदार शासन की मंशा के अनुरूप पूरी ईमानदारी से राशन वितरण का कार्य कर रहे हैं। कोरोना काल जैसे संकट में भी कोटेदारों ने अपनी और अपने परिवार की परवाह किए बिना ई-पॉश मशीन के माध्यम से प्रधानमंत्री अन्य योजना व एनएफएसए अधिनियम के तहत नि:शुल्क खाद्यान्न का वितरण किया।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में भी कोटेदार खाद्यान्न वितरण के साथ-साथ केवाईसी, आयुष्मान कार्ड, किसान फार्मर रजिस्ट्री और एसआईआर जैसे कार्यों में प्रशासन का सहयोग कर रहे हैं, बावजूद इसके उन्हें मात्र ₹90 प्रति कुंतल लाभांश दिया जा रहा है। जबकि हरियाणा, केरल, दिल्ली में ₹200, गोवा में ₹220, गुजरात में ₹200 प्रति कुंतल लाभांश के साथ न्यूनतम ₹20 हजार मासिक आय की गारंटी दी जा रही है।
कोटेदारों ने मांग की कि उत्तर प्रदेश में भी अन्य राज्यों की तर्ज पर न्यूनतम आय की गारंटी दी जाए, जिससे बढ़ती महंगाई में उनके परिवार का भरण-पोषण सुनिश्चित हो सके। मांगें न मानी गईं तो 28 जनवरी 2026 से सभी कोटेदार अनिश्चितकालीन धरना शुरू करेंगे, जिसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
इस दौरान विजय कुमार गुप्ता, दिनेश पांडेय, सालिक राम, सागर, दिनेश कुमार सोनकर, बलराम यादव, अब्दुल वहीद, मोहम्मद जावेद, रामबाबू यादव, नीतेश कुमार जायसवाल, गोविंद गुप्ता, अरुण कुमार साहू और अजय कुमार श्रीवास्तव सहित अनेक कोटेदार मौजूद रहे।