बसखारी अंबेडकर नगर। किराए के मकान में रह रही एक नवविवाहित का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मकान के ही एक कमरे में फंदे से लटकता हुआ पाए जाने से सनसनी फैल गयी।मृतका की मौत से जहां चार माह की दुधमुंही बच्ची के सिर से मां का साया उठ गया। वहीं घटना की जानकारी घर में ही सो रहे पति को सुबह हुई। मामला बसखारी थाना क्षेत्र के बसखारी का बताया जा रहा है। जहां पर बसखारी थाना क्षेत्र के दशरैचा निवासिनी शुभम अपनी पत्नी रंजीता (20) के साथ किराए के मकान में रह रहे थे। बताया जाता है कि रंजीता अपने गांव के ही शुभम के साथ एक वर्ष पूर्व फरार हो गई थी। मामले में रंजीता के परिजनों ने शुभम के विरुद्ध अपहरण का मुकदमा पंजीकृत कराया था। मामले में पुलिस ने मुकदमा पंजीकृत करने के बाद शुभम को गिरफ्तार कर रंजीता को बरामद कर लिया था। तत्पश्चात पुलिस ने रंजीता को नारी निकेतन व शुभम को जेल भेज दिया था। लेकिन परिजनों ने समझौता कर लिया तथा शुभम व रंजीता विवाह करके बसखारी में चंद्रिका यादव के मकान में किराए पर रहने लगे। इस दौरान रंजीता ने एक पुत्री को जन्म दिया। बताया जाता है कि बीते शनिवार देर शाम को शुभम और रंजीत के बीच किसी बात को लेकर वाद विवाद हुआ था। वाद विवाद के बाद शुभम अगले कमरे में सो गया जबकि रंजीता अपने बच्ची के साथ पिछले कमरे में सो गयी थी। शुभम सुबह उठकर पिछले कमरे का दरवाजा खोलकर अंदर घुसा तो कमरे के भीतर का नजारा देखकर उसके पैरों तले जमीन खिसक गयी। रंजीता संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी के फंदे पर लटक रही थी। शुभम आनन फानन में फंदे को काटकर रंजीता को नीचे उतारकर तत्काल सीएचसी बसखारी पहुंचाया। जहां पर चिकित्सकों ने रंजीता को मृतक घोषित कर दिया। रंजीत की मौत की जानकारी मिलते ही उसके मायके से भारी संख्या में लोग सीएचसी बसखारी पहुंच गये तथा पति तथा उसके परिजनों पर दहेज हत्या का आरोप लगाने लगे। सूचना पर थाना अध्यक्ष सुनील कुमार पांडेय, उप निरीक्षक मयंक सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए तथा शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। रंजीता की भाभी ने पति, सास ,ससुर व दादी सास के खिलाफ प्रार्थना पत्र देकर दहेज हत्या के आरोप में मुकदमा पंजीकृत कराया। इस संबंध में थानाध्यक्ष सुनील कुमार पांडेय ने बताया कि मामले में दहेज हत्या के आरोप में मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है। आरोपी पति को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की जा रही है। वहीं मृतका के मैके के आक्रोशित परिजन व गांव वाले दशरैचा के निकट राष्ट्रीय राजमार्ग 233 पर आकर आक्रोश प्रकट करने लगे। हालांकि मौके पर पहुंचे थानाध्यक्ष सुनील कुमार पांडे ने परिजनों व ग्रामीणों को समझा बूझकर मामले को शांत कराया। इससे पूर्व घटनास्थल पर क्षेत्राधिकारी सदर नीतीश तिवारी व तहसीलदार टांडा निखिलेश कुमार भी मौके पर पहुंच गए और जरूरी कानूनी कार्रवाई करते हुए बयान दर्ज किया।