अयोध्या। दर्शननगर स्थित राजर्षि दशरथ मेडिकल कॉलेज में कार्यरत इंटर्न डॉक्टरों ने मानदेय भुगतान में देरी को लेकर नाराजगी जताते हुए प्रदर्शन किया। इंटर्न्स का कहना था कि उनकी इंटर्नशिप 22 अप्रैल से आरंभ हुई थी, मगर अब तक उन्हें कोई भुगतान नहीं मिल सका था।
मानदेय की मांग को लेकर सभी इंटर्न कॉलेज परिसर में एकत्र होकर शांतिपूर्ण विरोध जताने लगे। इस दौरान कॉलेज प्राचार्य डॉ. सत्यजीत वर्मा ने प्रदर्शनकारी छात्रों से वार्ता की और उनकी शिकायतें सुनीं।
प्राचार्य ने बताया कि रोस्टर के अनुसार सभी की ड्यूटी विभागीय आधार पर निर्धारित की गई थी, लेकिन बैंक खाता समय से जमा न होना, साप्ताहिक उपस्थिति प्रमाणपत्र की देरी, और आउटसोर्स लिपिक द्वारा दस्तावेजों के संकलन में लापरवाही के कारण भुगतान प्रक्रिया में बाधा उत्पन्न हुई।
उन्होंने बताया कि वार्ता उपरांत अप्रैल और मई माह का मानदेय जारी कर दिया गया है तथा लापरवाही बरतने वाले आउटसोर्स लिपिक को कार्यमुक्त कर दिया गया है।
साथ ही इस पूरे मामले की जांच व सुधार के लिए 5 सदस्यीय जांच समिति का गठन किया गया है, जिसकी अध्यक्षता चिकित्सा अधीक्षक डॉ. देवाजीत शर्मा करेंगे। समिति में डॉ. अंजुमन चौधरी, डॉ. साकेत गुप्ता, डॉ. वीरेंद्र वर्मा और डॉ. विनोद आर्या को सदस्य बनाया गया है। समिति जल्द ही मानदेय वितरण की प्रक्रिया को व्यवस्थित करने के लिए रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी।