कार्यक्रम के संयोजक व पूर्व पार्षद दिलीप कुमार यादव के संयोजन में हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम की जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि महाशिवरात्रि महोत्सव का कार्यक्रम हजारों वर्ष निरंतर चल रहा है। श्री विघ्नेश्वर नाथ शिव मंदिर को पार्वती मंदिर भी कहा जाता है। यहां पर हर वर्ष शंकर भगवान की बारातें आती हैं। और चार-पांच गरीब कन्या की शादियां भी कराई जाती है। लेकिन इस वर्ष एक कन्या की शादी कराई जाएगी। इस कार्यक्रम में भगवान भोलेनाथ के भक्ति गाने झूमते भक्त उनकी बारात में शामिल होते है। श्रद्धालुओं के लिए भंडारे का आयोजन भी किया जाता है। मान्यता के अनुसार प्राचीन श्री विघ्नेश्वर नाथ शिव मंदिर को भगवान श्री राम के पूर्वज महाराजा रघु ने पूर्व अक्षय नवमी पर स्थापित किया था।