कार्यक्रम में पूर्व सांसद लल्लू सिंह ने कहा कि देश के निर्माण सदैव मातृशक्ति का योगदान रहा। दुनिया के जितने महापुरूष है सबके पीछे कोई न कोई मातृ शक्ति रही है। भारत की संस्कृति तथा लोक परम्पराओं की पहचान पूरे विश्व में बने। मातृ शक्ति ही हमारी लोक संस्कृति तथा परम्पराओं से आने वाली पीढ़ी को परचित करा सकती है। मातृशक्ति के द्वारा ही संस्कार और निमार्ण की प्रक्रिया द्वारा सतत रहेगी।