◆ योग व ध्यान की रेसिपी,है ब्रेन-वेव थिरैपी
अयोध्या। इंटरनेशनल योगा-डे 21-जून पूर्व-संध्या वार्ता मे डा आलोक मनदर्शन ने बताया कि “योगश्चित्तवृत्तिनिरोधः” यानि “योग मन के उतार-चढ़ाव को शांत व स्थिर करता है”। योग व ध्यान से मूड-स्टेबलाइज़र हार्मोन सेराटोनिन व मनोशांत हार्मोन गाबा में अभिवृद्धि होने से स्ट्रेस-हार्मोन कार्टिसाल व एड्रेनलिन में कमी आती है। इस प्रकार यौगिक क्रियाएं अवसाद, उन्माद,चिंता घबराहट, टेंशन-हेडेक, अनिद्रा,फोबिया आदि का शमन करती है । साथ ही विभिन्न मनोशारीरिक समस्याओं जैसे उच्च रक्तचाप, डायबिटीज़, पेट की खराबी व क्रोनिक फटिग सिंड्रोम आदि में अति लाभदायक होती है।
