अयोध्या। केंद्र सरकार द्वारा महिलाओं को राजनीति में उचित भागीदारी देने के उद्देश्य से लाए गए ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ को लेकर विपक्ष के खिलाफ बुधवार को महिलाओं का गुस्सा सड़कों पर नजर आया। भाजपा महिला मोर्चा के नेतृत्व में सैकड़ों महिलाओं ने आक्रोश मार्च निकालकर समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए पुतला दहन किया।
रैली परशुराम वर्मा महिला महाविद्यालय से शुरू होकर तारुन चौराहे तक पहुंची। इस दौरान महिलाओं ने हाथों में तख्तियां लेकर विपक्ष के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि दशकों के इंतजार के बाद महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण के रूप में उनका हक मिल रहा है, लेकिन सपा और कांग्रेस इसमें बाधा डाल रही हैं।
जिलाध्यक्ष राधेश्याम त्यागी ने कहा कि सपा और कांग्रेस की मानसिकता हमेशा से महिला विरोधी रही है और इस अधिनियम का विरोध करोड़ों महिलाओं के सपनों का अपमान है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने के प्रयासों में विपक्ष लगातार रोड़े अटका रहा है।
रैली के दौरान “जो नारी का सम्मान न करे, वो देश पर राज क्या करेगा” और “नारी शक्ति वंदन अधिनियम हमारा अधिकार” जैसे नारे गूंजते रहे। मीडिया प्रभारी सुशील मिश्रा ने बताया कि महिला मोर्चा की कार्यकर्ता घर-घर जाकर अभियान चलाकर महिलाओं को अधिनियम के प्रति जागरूक करेंगी।
इस अवसर पर अखण्ड प्रताप सिंह डिम्पल, शिवम सिंह, सुनील मिश्रा, आशीष तिवारी, भरत श्रीवास्तव, पतिराज वर्मा, विजय लक्ष्मी जायसवाल, सरोज मिश्रा, सुमन पासवान और प्रसूनलता सिंह सहित बड़ी संख्या में महिलाएं और कार्यकर्ता मौजूद रहे।