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राम मंदिर चढ़ावा चोरी: रिश्तेदारों के 30 बैंक खाते फ्रीज, वित्तीय नेटवर्क की गहराई से जांच

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◆ नोटों के बंडल, सोने के जेवर व एक चार पहिया वाहन बरामद


अयोध्या। राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में पुलिस ने जांच तेज करते हुए आरोपियों से जुड़े रिश्तेदारों के करीब 30 बैंक खातों को फ्रीज कर दिया है। पुलिस के अनुसार, इन खातों में आय की तुलना में अधिक वित्तीय लेन-देन के संकेत मिले हैं। अब इन खातों की विस्तृत जांच की जा रही है ताकि धन के स्रोत और उसके उपयोग का पता लगाया जा सके।

पुलिस ने बुधवार और गुरुवार को आरोपी लवकुश मिश्रा, करुणेश पांडेय और अनुकल्प मिश्रा के घरों पर तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान नोटों के बंडल, सोने के जेवर (कान की बालियां, लॉकेट आदि) और एक चार पहिया वाहन मिलने की जानकारी सामने आई है। हालांकि पुलिस ने अभी यह स्पष्ट नहीं किया है कि किस आरोपी के घर से कितनी नकदी और कौन-कौन सा सामान बरामद हुआ।

इससे पहले बुधवार सुबह पुलिस ने तीनों आरोपियों को 40 घंटे की रिमांड पर लिया था। पूछताछ के दौरान उनके पास से कथित तौर पर फर्जी चंदा रसीदें भी मिलने की बात सामने आई है। पुलिस इन्हीं तथ्यों के आधार पर पूरे नेटवर्क की जांच आगे बढ़ा रही है।



उधर, समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव के बयान पर उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री मनोज पांडेय ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सरकार ने मामले को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष जांच कराई है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की है।

सूत्रों के अनुसार आरोपियों के बैंक खातों, रिश्तेदारों के खातों, निवेश संबंधी दस्तावेजों और अन्य वित्तीय लेन-देन की जांच जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही बरामदगी और पूरे वित्तीय नेटवर्क का आधिकारिक खुलासा किया जाएगा।


मंत्री मनोज पांडेय का पलटवार


अखिलेश यादव के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री मनोज पांडेय ने कहा कि धर्म और आस्था पर बोलने का नैतिक अधिकार कांग्रेस और समाजवादी पार्टी को नहीं है। उन्होंने कहा कि यदि किसी प्रकार की अनियमितता हुई है तो सरकार ने उसे गंभीरता से लेते हुए जांच कराई और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की है।

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