◆ आठवें संस्करण में तीन से 16 वर्ष तक के बच्चे करेंगे अभिनय, शाम को 60 से अधिक फिल्मी सितारे होंगे मंच पर
अयोध्या। अयोध्या की चर्चित रामलीला का आठवां संस्करण इस बार दिल्ली में आयोजित होगा, लेकिन इसकी तैयारियों और चर्चा का केंद्र अयोध्या ही है। खास बात यह है कि इस बार रामलीला में पहली बार तीन वर्ष के नन्हे कलाकार भी रामकथा के प्रसंगों को मंच पर जीवंत करेंगे। 10 से 20 अक्टूबर तक नई दिल्ली में होने वाले आयोजन में सुबह तीन से 16 वर्ष तक के बाल कलाकार अभिनय करेंगे, जबकि शाम को 60 से अधिक फिल्मी सितारे रामलीला के मंच पर नजर आएंगे।
नई दिल्ली के रफी मार्ग स्थित कांस्टीट्यूशन क्लब के मावलंकर हॉल में होने वाले आयोजन की तैयारियां संस्थापक सुभाष मलिक (बॉबी) और शुभम मलिक के नेतृत्व में चल रही हैं। सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक बाल कलाकारों की प्रस्तुति होगी और शाम सात से रात 10 बजे तक फिल्मी कलाकार अभिनय करेंगे। आयोजन स्थल पर शाम चार से रात 11 बजे तक मेले का भी आयोजन होगा। करीब 600 दर्शकों की क्षमता वाले हॉल में 120 फीट लंबी एलईडी स्क्रीन लगाई जाएगी।
पहली बार राम की भूमिका में नजर आएंगे रवि किशन
रामलीला में गोरखपुर के सांसद और अभिनेता रवि किशन पहली बार भगवान श्रीराम की भूमिका में नजर आएंगे। 19 अक्टूबर को वह राम का किरदार निभाएंगे। इससे पहले वह केवट, भगवान परशुराम और भरत की भूमिकाएं निभा चुके हैं। रावण की भूमिका अरुण बख्शी, भगवान शिव की भूमिका बिंदु दारा सिंह, भगवान परशुराम की भूमिका पुनीत इस्सर, अहिरावण की भूमिका रजा मुराद और मेघनाद की भूमिका अवतार गिल निभाएंगे।
जनवरी में अयोध्या में सजेगा नौवां राममंच
दिल्ली के आयोजन के बाद रामलीला का नौवां संस्करण 15 से 25 जनवरी 2027 तक अयोध्या में आयोजित होगा। कोरोना काल में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल से शुरू हुई यह रामलीला अब देश-विदेश में पहचान बना चुकी है। अयोध्या में इसके सात संस्करण सफलतापूर्वक आयोजित हो चुके हैं।
आयोजकों के अनुसार पिछले वर्ष रामलीला को 62 करोड़ से अधिक दर्शकों ने देखा था। इस वर्ष 80 से अधिक सैटेलाइट चैनलों पर 40 भाषाओं में प्रसारण की तैयारी है। इसके जरिए 60 से अधिक देशों तक रामकथा और रामभक्ति का संदेश पहुंचाया जाएगा।
तीन वर्ष के बच्चों को रामकथा के मंच से जोड़ने का प्रयोग इस आयोजन को खास बना रहा है। बाल स्वरूप में भगवान श्रीराम के प्रसंगों की विशेष प्रस्तुति होगी। दिल्ली में होने वाला आठवां संस्करण अयोध्या की रामलीला की भव्यता और सांस्कृतिक परंपरा को देश की राजधानी तक पहुंचाने का माध्यम बनेगा।