बसखारी अंबेडकर नगर। बसखारी थाना क्षेत्र के सिद्धेश्वर पीठ धाम के संत किशन दास ने आरोप लगाया है कि उनके आश्रम पर रविवार रात कुछ लोगों ने पहुंचकर गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। लेकिन पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करने के बजाय उनका प्रार्थना पत्र अपने अनुसार लिखवाकर मुकदमा दर्ज किया।
रात में आश्रम पर चढ़ाई, गाली-गलौज और धमकी
संत किशन दास के अनुसार, रविवार रात करीब 9 बजे मिंटू यादव पुत्र रामकुमार यादव, पहाड़ी उर्फ सुभाष यादव पुत्र ओमप्रकाश निवासी मोतीपुर अपने करीब दस अज्ञात साथियों के साथ आश्रम पहुंचे। वहां उन्होंने संत के साथ बदसलूकी की और आश्रम छोड़ने की धमकी दी। संत का कहना है कि धमकी दी गई कि यदि वे नहीं गए तो उन्हें जान से मार दिया जाएगा।
पुलिस ने रात में नहीं की कार्रवाई, सुबह बुलाया थाने
घटना की सूचना रात में ही पुलिस को दी गई थी। लेकिन तत्काल कार्रवाई न कर पीड़ित महंत को सुबह थाने बुलाया गया। संत का आरोप है कि यहां उनका प्रार्थना पत्र पुलिस के मुताबिक संशोधित कराया गया।
10 अज्ञात थे शामिल, मुकदमे में दर्ज हुए सिर्फ दो
महंत ने आरोप लगाया कि घटना में 10 अज्ञात लोग शामिल थे, लेकिन पुलिस ने केवल दो नामजद आरोपियों पर ही मुकदमा दर्ज किया। इससे बाकी आरोपियों पर कार्रवाई अधर में लटकी है।
जांच की दुहाई देकर मामले को ठंडे बस्ते में डालने की कोशिश
फिलहाल बसखारी पुलिस ने नामजद दो आरोपियों के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कर लिया है। वहीं पुलिस की ओर से हमेशा की तरह जांच की दुहाई देकर मामले को शांत करने का प्रयास किया जा रहा है।