◆ परास्नातक में सर्वोच्च अंक हासिल कर हासिल की उपलब्धि, परिवार और अधिवक्ता समाज ने जताई खुशी
अयोध्या। शहर के शोलापुरी कॉलोनी निवासी वरिष्ठ अधिवक्ता सुनील कुमार श्रीवास्तव की पुत्री सुकृति श्रीवास्तव ने अपनी मेधा और मेहनत के दम पर जिले का नाम रोशन किया है। बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय (केंद्रीय विश्वविद्यालय), लखनऊ के दीक्षांत समारोह में सुकृति को परास्नातक परीक्षा में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने पर स्वर्ण पदक प्रदान किया गया। विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने उन्हें स्वर्ण पदक प्रदान किया।
सुकृति शुरू से ही मेधावी छात्रा रही हैं। उनकी प्रारंभिक शिक्षा शहर के कनोसा स्कूल से हुई, जबकि स्नातक की पढ़ाई साकेत महाविद्यालय से पूरी की। इसके बाद उन्होंने बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय, लखनऊ से परास्नातक की परीक्षा उत्तीर्ण की और सर्वोच्च अंक हासिल कर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। वर्तमान में वह आईआईटी कानपुर से पीएचडी कर रही हैं।
सुकृति के पिता सिविल कोर्ट अयोध्या के वरिष्ठ अधिवक्ता सुनील कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि उनकी बेटी शुरू से ही पढ़ाई के प्रति गंभीर और मेहनती रही है। उन्होंने कहा कि सुकृति ने अपनी लगन और निरंतर परिश्रम से यह उपलब्धि हासिल की है, जिससे पूरे परिवार को गर्व है।
सुकृति की माता रीना श्रीवास्तव, चाचा अरुण कुमार श्रीवास्तव और अध्यक्ष, कायस्थ विकास संस्थान ने उनकी सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि सुकृति ने अपनी उपलब्धि से परिवार के साथ-साथ अयोध्या का भी नाम रोशन किया है। उन्होंने सुकृति के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
वहीं, महंत सियारामदास तथा उच्च न्यायालय इलाहाबाद खंडपीठ लखनऊ के वरिष्ठ अधिवक्ता डॉ. रितु सिंह ने सुकृति की उपलब्धि पर बधाई देते हुए कहा कि कठिन परिश्रम और लगन के बल पर उन्होंने यह मुकाम हासिल किया है। उन्होंने कहा कि सुकृति की सफलता जिले की अन्य छात्राओं के लिए भी प्रेरणादायी है।
सुकृति की सफलता पर सिविल कोर्ट अयोध्या के अधिवक्ता आशीष मिश्र, प्रेमप्रकाश तिवारी, रामसूरत यादव, विनय प्रकाश गुप्ता तथा इंजीनियर नरेश जायसवाल सहित अन्य लोगों ने हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई दी और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।