अयोध्या। संपूर्ण समाधान दिवस के अवसर पर शनिवार को जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी ने रुदौली तहसील में जनसमस्याएं सुनीं। जिले की पांचों तहसीलों में कुल 710 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें 84 का मौके पर निस्तारण कराया गया। शेष शिकायतों के निस्तारण के लिए जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को एक सप्ताह की समय-सीमा निर्धारित की।
रुदौली तहसील में जिलाधिकारी के समक्ष भूमि विवाद, सड़क, सुरक्षा, पेंशन, चकबंदी, चकमार्ग, अतिक्रमण और विद्युत संबंधी शिकायतें प्रमुख रूप से आईं। उन्होंने अधिकारियों को शिकायतों का स्थलीय सत्यापन कर गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। राजस्व और पुलिस से संबंधित मामलों में दोनों विभागों को समन्वय से कार्रवाई करने को कहा गया। उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ताओं को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें और निस्तारण की जानकारी भी उन्हें दी जाए।
तहसीलवार प्राप्त शिकायतों में रुदौली की 181 में से 23, सदर की 105 में से 26, सोहावल की 134 में से नौ, मिल्कीपुर की 200 में से 15 और बीकापुर की 90 शिकायतों में से 11 का मौके पर निस्तारण किया गया।
विद्युत जेई का उत्तरदायित्व तय करने के निर्देश
रुदौली के सूफियाना पूर्वी निवासी मकसूद आलम नूरी ने विद्युत पोल से जुड़ी समस्या की शिकायत की। जिलाधिकारी ने मामले में लापरवाही पर नाराजगी जताते हुए अधिशासी अभियंता विद्युत रोहित जैन को रुदौली नगर के जेई रितेश वर्मा का उत्तरदायित्व निर्धारित करने के निर्देश दिए। साथ ही विद्युत पोल की समस्या का तत्काल समाधान कराने को कहा।
मवई क्षेत्र की एक वृद्ध महिला ने आवास और पेंशन का लाभ दिलाने के लिए प्रार्थना पत्र दिया। जिलाधिकारी ने बीडीओ रुदौली को नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए। इस दौरान विधायक रुदौली रामचंद्र यादव, एसडीएम विनोद गुप्ता समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।