अयोध्या। बीकापुर कोतवाली क्षेत्र के विट्ठलपुर गांव के पास 14 मई को मिले युवक के शव के मामले में पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। बीकापुर कोतवाली पुलिस और एसओजी टीम की संयुक्त कार्रवाई में युवक की हत्या का पर्दाफाश करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से मोबाइल फोन, आला कत्ल, कैंची, एक कार, एक बाइक और 220 रुपये नगद बरामद किए हैं।
ग्रामीण पुलिस अधीक्षक डॉ. बलवंत चौधरी ने प्रेस वार्ता में बताया कि मृतक की पहचान अभिषेक दुबे उर्फ रिंकी मिश्रा के रूप में हुई थी। अभिषेक किन्नर के रूप में शादी-विवाह कार्यक्रमों में नेग मांगने का कार्य करता था। पुलिस जांच में सामने आया कि 10 मई को अभिषेक ने बड़े स्तर पर अपना जन्मदिन मनाया था, जिसमें करीब एक हजार लोग शामिल हुए थे। इसके बाद से उसका प्रभाव और पहचान तेजी से बढ़ रही थी।
पुलिस के अनुसार, अभिषेक के साथ रहने वाले अंशु मौर्य, नताशा किन्नर और विजय ढोलकिया उसके बढ़ते प्रभाव और कारोबार से जलन रखते थे। इसी रंजिश में तीनों ने मिलकर अभिषेक के साथ मारपीट की और गंभीर हालत में उसे विट्ठलपुर गांव के पास छोड़ दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
एसपी ग्रामीण ने बताया कि मामला पूरी तरह ब्लाइंड मर्डर था। घटना के खुलासे के लिए बीकापुर पुलिस और एसओजी टीम ने लगातार चार दिनों तक सघन जांच और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर काम किया। आखिरकार पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
मामले के सफल अनावरण पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. गौरव ग्रोवर ने बीकापुर पुलिस और एसओजी टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा की है।