अम्बेडकर नगर। टांडा के बुनकरों और युवाओं को हस्तकरघा क्षेत्र में दक्ष बनाने के उद्देश्य से भारत सरकार के वस्त्र मंत्रालय की समर्थ योजना के तहत सोमवार को 45 दिवसीय कौशल विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन जिलाधिकारी श्रीमती ईशा प्रिया ने किया।
बुनकर सेवा केंद्र, वाराणसी द्वारा आयोजित इस प्रशिक्षण में 30 बुनकरों को आधुनिक तकनीकों के साथ जामदानी बुनाई जैसी पारंपरिक हस्तकरघा कला का प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण पूरा करने वाले प्रत्येक प्रशिक्षार्थी को 300 रुपया प्रतिदिन की दर से प्रशिक्षण भत्ता भी मिलेगा।
जिलाधिकारी श्रीमती ईशा प्रिया ने कहा कि प्रशिक्षण के बाद बुनकर स्वरोजगार स्थापित कर आत्मनिर्भर बन सकते हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना समेत विभिन्न स्वरोजगार योजनाओं के माध्यम से बिना ब्याज के ऋण लेकर अपने उद्यम का विस्तार किया जा सकता है। इससे बुनकर आर्थिक रूप से सशक्त होंगे और स्थानीय हस्तकरघा उद्योग को भी नई पहचान मिलेगी।
कार्यक्रम में बुनकर सेवा केंद्र, वाराणसी के सहायक निदेशक गोपाल, तकनीकी अधीक्षक आशिफ अली, वरिष्ठ बुनकर जय प्रकाश, प्रभारी उपायुक्त एच.पी. मौर्य, सहायक आयुक्त अजय शर्मा, उद्यमी मित्र अखिलेश पटेल, पावरलूम निरीक्षक शरद चंद्र चौहान, अमृत प्रकाश, चंद्र प्रकाश यादव, आफताब सहित बड़ी संख्या में बुनकर एवं प्रशिक्षार्थी मौजूद रहे।