अयोध्या। उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान, लखनऊ की ओर से मंडल स्तरीय संस्कृत प्रतिभा खोज प्रतियोगिता-2026 का आयोजन अयोध्या मंडल के पांच जनपदों के प्रतिभागियों के बीच किया गया। प्रतियोगिता की चार विधाओं का शुभारंभ अयोध्या विधायक वेद प्रकाश गुप्ता ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर किया।
इस अवसर पर विधायक वेद प्रकाश गुप्ता ने संस्कृत भाषा के विस्तार एवं विकास के लिए अयोध्या मंडल से सर्वाधिक आवेदन प्राप्त होने पर प्रतिभागियों एवं आयोजकों को बधाई दी। उन्होंने प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने वाले छात्र-छात्राओं को सम्मानित एवं पुरस्कृत भी किया। प्रतियोगिता में पांचों जनपदों से छात्र-छात्राओं के साथ शिक्षक एवं अभिभावकों की उपस्थिति रही।
प्रतियोगिता के तहत संस्कृत सामान्य ज्ञान बाल वर्ग, संस्कृत गीत, संस्कृत सामान्य ज्ञान युवा वर्ग तथा श्लोक अंताक्षरी प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। संस्कृत सामान्य ज्ञान बाल वर्ग में सुल्तानपुर के अभिराज उपाध्याय ने प्रथम, अयोध्या के रघुनंदन पांडे ने द्वितीय तथा अंबेडकर नगर की रूपाली ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
संस्कृत गीत प्रतियोगिता में सुल्तानपुर की पूर्णिमा चतुर्वेदी प्रथम, बाराबंकी की प्राप्ति सिंह द्वितीय तथा बाराबंकी की साक्षी यादव तृतीय स्थान पर रहीं। संस्कृत सामान्य ज्ञान युवा वर्ग में अयोध्या के सूरज कुमार दुबे ने प्रथम, आदित्य मिश्रा ने द्वितीय तथा मुमुक्षानंद तिवारी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। श्लोक अंताक्षरी प्रतियोगिता में अयोध्या के शशांक पांडे प्रथम, कार्तिक तिवारी द्वितीय तथा बृजेश शुक्ला तृतीय स्थान पर रहे।
प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने वाले अन्य छात्र-छात्राओं को प्रतिभागिता एवं प्रोत्साहन प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। मंडल संयोजक मनीष देव ने विजेता प्रतिभागियों को राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने के लिए शुभकामनाएं दीं।
प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में साकेत महाविद्यालय के डॉ. अखिलेश कुमार, राजकीय महाविद्यालय के डॉ. प्रमोद कुमार, शाहजहांपुर के सहायक आचार्य चंदन कुमार आर्य, अर्चक पुरोहित प्रशिक्षण केंद्र अयोध्या धाम के सत्यम मिश्रा, श्री बलवंत आदर्श संस्कृत महाविद्यालय के विजय शंकर दुबे, प्राथमिक विद्यालय ठेंउगा के संगीतज्ञ डॉ. अभिषेक कुमार राजपाल, आरआर पीजी कॉलेज अमेठी की संस्कृत विभागाध्यक्ष प्रो. (डॉ.) आशा गुप्ता तथा आर्य कन्या इंटर कॉलेज अयोध्या की सहायक अध्यापिका मंजू शास्त्री शामिल रहीं। निर्णायक मंडल ने प्रतियोगिताओं का निष्पक्ष एवं कुशलतापूर्वक संचालन कराया।
अंत में आयोजकों की ओर से सभी प्रतिभागी छात्र-छात्राओं, शिक्षकों एवं निर्णायक मंडल के सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया गया। इसके साथ ही प्रतियोगिता का समापन हुआ।