अयोध्या। समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व विधायक पवन पांडे ने सोमवार को प्रेस वार्ता कर राम मंदिर चढ़ावा प्रकरण को लेकर केंद्र और प्रदेश सरकार के साथ ही श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि पूरे मामले में सच्चाई छिपाने का प्रयास किया जा रहा है और जनता को गुमराह किया जा रहा है।
पवन पांडे ने दावा किया कि 5 जून को अविनाश शुक्ला के पास से धनराशि बरामद होने के बावजूद तत्काल मुकदमा दर्ज नहीं कराया गया। उन्होंने सवाल उठाया कि जब उस समय कथित रूप से बरामदगी हो चुकी थी, तब ट्रस्ट की ओर से तत्काल कानूनी कार्रवाई क्यों नहीं की गई। उन्होंने कहा कि इस पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और जिम्मेदार लोगों की भूमिका भी सार्वजनिक की जानी चाहिए।
सपा नेता ने आरोप लगाया कि सरकार और राम मंदिर ट्रस्ट मिलकर पूरे प्रकरण को दबाने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अब तक हुई कार्रवाई कई सवाल खड़े करती है और मामले में पारदर्शिता का अभाव दिखाई देता है।
पवन पांडे ने एसआईटी जांच पर भी सवाल उठाते हुए इसे केवल औपचारिकता करार दिया। उन्होंने कहा कि मौजूदा जांच से किसी ठोस परिणाम की उम्मीद नहीं है। यदि सरकार वास्तव में निष्पक्ष जांच चाहती है तो पूरे घटनाक्रम की पारदर्शी जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि राम मंदिर करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है और इस प्रकरण से देशभर के लोगों की भावनाएं जुड़ी हुई हैं। इसलिए सरकार को पूरे मामले पर स्पष्ट जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि 140 करोड़ देशवासियों को यह जानने का अधिकार है कि इस पूरे प्रकरण में क्या हुआ और इसके लिए कौन जिम्मेदार है।