अयोध्या। विकास भवन परिसर में गुरुवार को ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से ‘सखीकैफे’ का शुभारंभ किया गया। स्वयं सहायता समूह से जुड़ी महिलाएं अब अपने हुनर से तैयार खाद्य सामग्री बेचकर रोजगार और आय का स्थायी साधन विकसित करेंगी।
कैंटीन का उद्घाटन ज्वाइंटमजिस्ट्रेटअयोध्याआदित्यअग्रवाल, जिलाविकासअधिकारीओमप्रकाशयादवऔरउपायुक्तस्वत: रोजगारसरितागुप्ता ने मां लक्ष्मी स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के सहयोग से किया। समूह में 14 महिलाएं सक्रिय हैं। इन्हें सामुदायिक निवेश निधि (सीआईएफ) के तहत एकलाख 15 हजाररुपये की राशि उपलब्ध कराई गई है।
सखी कैफे में महिलाओं द्वारा चाय, नमकीन, समोसा और आलू टिक्की सहित अन्य नाश्ते के व्यंजन तैयार किए जाएंगे। अधिकारियों के अनुसार कैफे का उद्देश्य महिलाओं के हुनर को बाजार उपलब्ध कराने के साथ उन्हें नियमित रोजगार और आय का अवसर देना है। यहां स्वच्छता और गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाएगा।
आत्मनिर्भरताकीओरकदम
समूह की सदस्य कंचनसिंह ने कहा कि सखी कैफे महिलाओं को घर की चारदीवारी से बाहर निकलकर आर्थिक रूप से मजबूत बनने का अवसर देगा। स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को अपने कौशल का प्रदर्शन करने और बाजार से जुड़ने का मंच मिल रहा है।
समूह की सदस्य सरिताशर्मा ने कहा कि यह पहल जिले के अन्य स्वयं सहायता समूहों के लिए भी प्रेरणा बनेगी। आने वाले समय में जिले के विभिन्न स्थानों पर ऐसी कैंटीन शुरू होने से अधिक महिलाओं को रोजगार से जोड़ने का अवसर मिलेगा।
जिलामिशनप्रबंधकसरितावर्मा ने बताया कि इस तरह की कैंटीनों से महिलाओं को आर्थिक मजबूती मिलने के साथ स्थानीय स्तर पर स्वच्छ और किफायती नाश्ता भी उपलब्ध होगा। विकास भवन में शुरू किए गए सखी कैफे से कार्यालय कर्मचारियों, आगंतुकों और आम नागरिकों को भी सुविधा मिलेगी।