◆ दशरथ समाधि के ‘दशरथ नगर’ नामकरण सहित तीन प्रमुख सुझावों पर सकारात्मक आश्वासन
@ बिपिन सिंह
पूराबाजार (अयोध्या) । जनपद के पूराबाजार विकासखंड के ग्राम देवगढ़ निवासी एवं उत्तर प्रदेश राज्य सहकारी बैंक लिमिटेड, लखनऊ के निदेशक जितेंद्र बहादुर सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भेंट कर जनपद से जुड़े विभिन्न जनहित एवं विकास संबंधी मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। इस दौरान उन्होंने अयोध्या की सांस्कृतिक विरासत, आधारभूत संरचना और स्वास्थ्य सुविधाओं से जुड़े तीन महत्वपूर्ण प्रस्ताव मुख्यमंत्री के समक्ष रखे।
जितेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री ने सभी प्रस्तावों को गंभीरता से सुना तथा उन पर सकारात्मक रुख व्यक्त करते हुए संबंधित विभागों से आवश्यक कार्रवाई कर शीघ्र धरातल पर उतारने का आश्वासन दिया।
बैठक का सबसे प्रमुख विषय चक्रवर्ती सम्राट महाराज दशरथ समाधि क्षेत्र के राजस्व अभिलेखों में दर्ज ‘जलालुद्दीन नगर’ नाम को बदलकर ‘दशरथ नगर’ किए जाने का रहा। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम के पिता महाराज दशरथ की समाधि से जुड़े इस ऐतिहासिक एवं धार्मिक स्थल को उसकी सांस्कृतिक और पौराणिक पहचान के अनुरूप नाम दिया जाना चाहिए, जिससे सनातन आस्था और ऐतिहासिक विरासत को सम्मान मिल सके।
इसके अतिरिक्त उन्होंने दशरथ समाधि से दिलासीगंज तक सरयू नदी के किनारे बंधा एवं पक्की सड़क निर्माण का प्रस्ताव भी रखा। उनका कहना था कि इस परियोजना के पूर्ण होने से लगभग 25 से 30 गांवों को प्रतिवर्ष आने वाली बाढ़ से राहत मिलेगी तथा क्षेत्र के लोगों की आवाजाही, कृषि और जनजीवन को स्थायी लाभ प्राप्त होगा।
बैठक में तीसरे महत्वपूर्ण विषय के रूप में राजर्षि दशरथ स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय, दर्शननगर में एमआरआई मशीन की स्थापना की मांग भी प्रमुखता से उठाई गई। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज में आधुनिक जांच सुविधा उपलब्ध होने से अयोध्या एवं आसपास के हजारों मरीजों को बेहतर और समयबद्ध उपचार मिल सकेगा।
इस पहल की अयोध्या के सूर्यवंशी क्षत्रिय उत्थान समिति संरक्षक गुरु प्रसाद सिंह एवं राजेन्द्र सिंह , अध्यक्ष भगवान बक्श सिंह एवं वरिष्ठ उपाध्यक्ष जंग बहादुर सिंह एवं कोषाध्यक्ष अनिल कुमार सिंह आदि क्षत्रिय नेताओं ने मुक्त कंठ से सराहना करते हुए कहा कि जितेंद्र बहादुर सिंह ने अयोध्या की सांस्कृतिक अस्मिता, ग्रामीण विकास और जनस्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण विषयों को मुख्यमंत्री के समक्ष प्रभावी ढंग से उठाकर जनपद के हित में सराहनीय कार्य किया है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यदि इन प्रस्तावों को शीघ्र अमल में लाया जाता है तो अयोध्या के विकास को नई गति मिलेगी और ऐतिहासिक पहचान को भी और अधिक सम्मान प्राप्त होगा।
स्थानीय सामाजिक संगठनों एवं क्षेत्रीय नागरिकों ने भी इस पहल को जनभावनाओं से जुड़ा महत्वपूर्ण प्रयास बताते हुए उम्मीद जताई है कि मुख्यमंत्री के सकारात्मक आश्वासन के बाद इन प्रस्तावों पर जल्द ही ठोस कार्रवाई देखने को मिलेगी।