भगवान सूर्य की रश्मि ने किया रामलला का तिलक
रामनगरी में राम जन्मोत्सव की धूम पिछले आठ दिनों से थी। रामनवमी पर तो उल्लास चरम पर दिखा। भव्य मंदिर के दरवाजे भक्तों के लिए सुबह 6 बजे ही खोल दिये गए थे। सुबह 9ः30 से 10ः30 बजे तक श्री राम का अभिषेक चला। दूध, दही, घी, अष्टगंध व सरयू के जल से प्रभु का घंटों अभिषेक हुआ। इसके बाद श्रृंगार शुरू हो गया। भगवान को नवीन वस्त्र धारण कराए गए। रत्न जड़ित आभूषण व स्वर्ण मुकुट धारण कराया गया। इसके बाद 56 व्यंजनों का भोग लगा। तभी घड़ी की दोनों सुइयों एक ही जगह मिलन हुआ और घंटे-घड़ियालों की ध्वनि के बीच रामलला की आरती उतारी गई। उधर, सूर्य देव के तिलक करने का अभियान जारी रहा। आयोजन को हर घर व राम भक्त तक पहुंचाने के लिए लाइव टेलिकास्ट की व्यवस्था की गई थी।