◆ आरटीआई खुलासे के बाद युवा कांग्रेस ने प्रशासन से की सख्त कार्रवाई की मांग
अयोध्या। रामनगरी में संचालित हो रहे “गोल्फ कार्ट” वाहनों को लेकर बड़ा खुलासा सामने आया है। सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत प्राप्त जानकारी में यह स्पष्ट हुआ है कि जिले में किसी भी गोल्फ कार्ट वाहन का न तो पंजीकरण हुआ है और न ही उनके संचालन की कोई अनुमति दी गई है। इस मुद्दे को लेकर उत्तर प्रदेश युवा कांग्रेस के उपाध्यक्ष शरद शुक्ला ने प्रेस वार्ता कर प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े किए।
शरद शुक्ला ने बताया कि उन्होंने 17 नवंबर 2025 को आरटी आई के माध्यम से परिवहन विभाग से जानकारी मांगी थी, जिसके जवाब में सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन), अयोध्या ने 9 दिसंबर 2025 को लिखित रूप से स्पष्ट किया कि कार्यालय अभिलेखों में अयोध्या जनपद में कोई भी गोल्फ कार्ट पंजीकृत नहीं है और न ही उनके संचालन की अनुमति दी गई है। उन्होंने कहा कि ऐसे में शहर में चल रहे गोल्फ कार्ट पूरी तरह अवैध हैं और उन पर केंद्रीय मोटरयान अधिनियम, 1988 के तहत कार्रवाई की जा सकती है।
प्रेस वार्ता में समाजवादी छात्रसभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रवीण सिंह और जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष शिवपूजन पाण्डेय भी मौजूद रहे। शरद शुक्ला ने कहा कि बिना पंजीकरण और अनुमति के गोल्फ कार्ट का संचालन न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि यात्रियों और स्थानीय नागरिकों की सुरक्षा के साथ भी खिलवाड़ है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से पूरे प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच कराए जाने और दोषी अधिकारियों व कंपनियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की।
प्रवीण सिंह ने कहा कि पर्यटकों की सुविधा के नाम पर नियमों की अनदेखी कर निजी कंपनियों को लाभ पहुंचाया जा रहा है, जबकि शिवपूजन पाण्डेय ने जिला प्रशासन से अवैध गोल्फ कार्ट को तत्काल जब्त करने और जिम्मेदारी तय करने की मांग की। स्थानीय लोगों का कहना है कि हाल के दिनों में गोल्फ कार्ट से हुई दुर्घटनाओं ने सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।