◆ विधायक ने बताया दुर्भाग्यपूर्ण, बोले – सभी जनप्रतिनिधियों को समय से सूचना मिलना आवश्यक
अयोध्या। नगर निगम अयोध्या की हालिया बोर्ड बैठक को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। आरोप है कि नगर विधायक वेद प्रकाश गुप्ता को बैठक की सूचना मात्र एक घंटे पूर्व दी गई। मामले ने तूल पकड़ लिया है और दो पार्षदों के कथित इस्तीफे की चर्चा भी सामने आ रही है। हालांकि, इस्तीफा देने की बात कहे जा रहे पार्षदों से फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे वार्ता नहीं हो सकी।
जानकारी के अनुसार, नगर निगम बोर्ड में संबंधित क्षेत्र के सांसद, विधायक तथा राज्यसभा सदस्य पदेन सदस्य के रूप में शामिल होते हैं। सामान्य बैठकों के लिए तीन स्पष्ट दिवस पूर्व सूचना भेजे जाने का प्रावधान है, जबकि विशेष बैठक के लिए कम से कम 24 घंटे पूर्व सूचना देना आवश्यक माना जाता है। यह व्यवस्था उत्तर प्रदेश नगर निगम अधिनियम, 1959 के अंतर्गत बताई जाती है।
नगर निगम क्षेत्र में होने वाले विकास कार्यों में क्षेत्रीय विधायक की भूमिका महत्वपूर्ण मानी जाती है। इस संबंध में नगर विधायक वेद प्रकाश गुप्ता ने कहा कि उन्हें बैठक की सूचना काफी विलंब से प्राप्त हुई। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े विषयों पर चर्चा के लिए सभी जनप्रतिनिधियों को समय से सूचना मिलना आवश्यक है, ताकि वे अपनी बात प्रभावी ढंग से रख सकें। इस तरह एक घंटे पूर्व सूचना मिलना दुर्भाग्य पूर्ण है।
उधर, इस पूरे प्रकरण को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में चर्चा बनी हुई है, जबकि नगर निगम की ओर से अब तक कोई औपचारिक स्पष्टीकरण जारी नहीं किया गया है।