अम्बेडकर नगर। पशुओं को गला घोटू जैसी गंभीर बीमारी से बचाने के लिए सरकार ने जिले में विशेष टीकाकरण अभियान तो चलाया, लेकिन जमीनी हकीकत इससे कोसों दूर नजर आ रही है। करोड़ों रुपये खर्च करने और विभागीय अमले को लगाने के बावजूद कटहरी क्षेत्र के कई गांवों में वर्षों से टीका नहीं लगा।
सरकार के निर्देश पर जिले में 15 मई से अगस्त तक बड़े पैमाने पर अभियान चलाया गया। इसमें 21 पशुधन प्रसार अधिकारी और 16 उपमुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी लगाए गए थे। दावा किया गया कि पूरे क्षेत्र में पशुओं का टीकाकरण कराया गया है। लेकिन अयोध्या समाचार की टीम जब कटहरी के कई गांवों में पहुंची तो सच्चाई कुछ और ही सामने आई।
ग्राम सभा कोडरा के सतीराम बर्मा, भरथपुर गिरंट के शिवकुमार यादव, महाबीर पाल, मौरापारा के हरिकांत तिवारी, गामा तिवारी, बिशाल विश्वकर्मा, पिंटू यादव, दिलीप यादव, संत राम पांडेय, जैनपुर हैंसा के करिया यादव सहित कई पशुपालकों ने बताया कि उन्हें तो पता ही नहीं है कि टीकाकरण कब हुआ। कई ग्रामीणों का कहना है कि पिछले पांच साल से उनके पशुओं को कोई टीका नहीं लगाया गया।
ऐसे में बड़ा सवाल यह उठता है कि तीन महीने तक चले अभियान के बावजूद धरातल पर इसका असर क्यों नहीं दिखा? क्या विभाग सिर्फ कागजों पर लक्ष्य पूरा कर रहा है?
इस संबंध में जब कटहरी पशु चिकित्साधिकारी से बात की गई तो उन्होंने कहा, “हमें बताइए कहां छूट गया है, वहां भी टीकाकरण करा दिया जाएगा। पांच सितम्बर तक अभियान जारी है।