अयोध्या। दशहरा पूर्व-संध्या पर जिला चिकित्सालय के माइंड मेंटर डा आलोक मनदर्शन ने बताया कि दशानन रावण के दहन से बुराई पर अच्छाई की जीत-पर्व दशहरा की मनोसामाजिक प्रासंगिगता है। रावण के दशोमुख व्यक्तित्व-विकार या पर्सनालिटी-डिसऑर्डर के प्रतीक हैं । मॉडर्न मनोचिकित्सा मे भी दस व्यक्तित्व-विकार वर्गीकृत हैं ।

मनो परामर्शदाता, जिला चिकित्सालय अयोध्या


