◆ न्याय, सत्य व सरलता की प्रतिमूर्ति को अधिवक्ताओं ने किया नमन
जलालपुर अम्बेडकर नगर। जलालपुर तहसील स्थित अधिवक्ता भवन में बुधवार को अधिवक्ता दिवस बड़े ही उत्साह और गरिमा के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में वरिष्ठों से लेकर युवा अधिवक्ताओं तक की उल्लेखनीय उपस्थिति रही। इस अवसर पर सभी ने देश के प्रथम राष्ट्रपति, प्रख्यात अधिवक्ता व संविधान सभा के अध्यक्ष डॉ. राजेंद्र प्रसाद के संघर्षपूर्ण जीवन, न्याय दृष्टि, सरलता और राष्ट्रनिर्माण में उनके योगदान को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जलालपुर ब्लॉक प्रमुख त्रिभुवन नाथ तथा भियांव ब्लॉक प्रमुख गौरव सिंह थे। ग्राम न्यायालय जलालपुर की न्यायाधीश आश्री शाह, बार एसोसिएशन अध्यक्ष कृपा शंकर मौर्य, वरिष्ठ अधिवक्ता उमाशंकर सिंह, घनश्याम वर्मा, अरविंद सिंह, सत्य प्रकाश मिश्रा, अनिल कुमार, राम आसरे, मोहम्मद फैजी रज़ा सहित बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन संत प्रसाद पांडेय ने किया।
डॉ. राजेंद्र प्रसाद के जीवन से ली प्रेरणा
सभा में वक्ताओं ने कहा कि अधिवक्ता दिवस महान स्वतंत्रता सेनानी और न्यायप्रिय नेता डॉ. राजेंद्र प्रसाद की स्मृति को समर्पित है। उन्होंने वकालत को केवल पेशा नहीं, बल्कि सेवा और समाज के उत्थान का माध्यम माना। संविधान निर्माण के दौरान उनकी सत्यनिष्ठा, गहन न्याय दृष्टि और सादगी आज भी अधिवक्ताओं के लिए प्रेरणा का आधार है।
न्याय व्यवस्था में अधिवक्ताओं की अहम भूमिका पर जोर
अधिवक्ताओं ने कहा कि न्याय प्रणाली में अधिवक्ता वह मजबूत कड़ी हैं जो वंचितों व पीड़ितों को न्याय दिलाने का कार्य करते हैं। युवा अधिवक्ताओं से सत्य, नैतिकता और पेशेवर आचरण को सर्वोपरि रखने का आह्वान किया गया। कार्यक्रम का समापन आपसी एकजुटता, सहयोग और न्याय व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के संकल्प के साथ हुआ।