◆ कुलसचिव बोले—सहयोग और समर्पण के लिए प्रतिबद्ध है विश्वविद्यालय
अयोध्या। अवध विश्वविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना की समीक्षा बैठक ने सेवा, समर्पण और नवाचार के एक नए युग की शुरुआत का संदेश दिया। कौटिल्य प्रशासनिक भवन सभागार में कुलपति कर्नल डॉ. बिजेंद्र सिंह के निर्देश पर आयोजित यह बैठक हाइब्रिड मोड में संपन्न हुई, जिसमें विश्वविद्यालय से संबद्ध सात जनपदों के राष्ट्रीय सेवा योजना कार्यक्रम अधिकारी सम्मिलित हुए। बैठक की शुरुआत राष्ट्रीय सेवा योजना के लक्ष्य गीत उठें समाज के लिए उठें उठें से हुई, जिसने कार्यक्रम के मूल उद्देश्य को जीवंत कर दिया।
मुख्य अतिथि राज्य संपर्क अधिकारी प्रो. मंजू सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना अब नवाचार और तकनीक के साथ एक नए युग में प्रवेश कर चुकी है। उन्होंने माई भारत पोर्टल, स्वयंसेवकों के ऑनलाइन प्रमाण पत्र, और वित्तीय प्रबंधन जैसे अहम विषयों पर विस्तार से चर्चा की। साथ ही, उन्होंने कार्यक्रम अधिकारियों की समस्याएं भी सुनीं और त्वरित समाधान के निर्देश दिए।
कुलसचिव विनय कुमार सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि विश्वविद्यालय के लिए पूर्ण सहयोग और समर्पण के साथ कृतसंकल्पित है। उन्होंने मैं नहीं, आप जैसे प्रेरक सूत्रवाक्य का स्मरण कराते हुए सेवा भावना को और गहरा किया। विशिष्ट अतिथि के रूप में राष्ट्रीय सेवा योजना के क्षेत्रीय निदेशक के प्रतिनिधि शुभंकर सिंह की उपस्थिति ने कार्यक्रम को गरिमा प्रदान की। अतिथियों का स्मृति चिन्ह व शाल भेंटकर स्वागत किया गया। कार्यक्रम का संचालन प्रो. अनुज कुमार पटेल ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन डॉ. अवधेश प्रताप सिंह ने प्रस्तुत किया। तकनीकी सहयोग की भूमिका गिरीश पंत, राजीव कुमार त्रिपाठी एवं डॉ. मोहनचंद्र तिवारी ने निभाई।