@ बिपिन सिंह
पूरा बाजार (अयोध्या ): क्षत्रिय धर्म मानव – कल्याण , न्याय और शौर्य से जुड़ा है , यह केवल एक जाति या वर्ण नहीं , बल्कि एक आचार संहिता है जो सत्य , क्षमा , दया और निस्वार्थता जैसे गुणों को अपनाने पर जोर देती है ।
यह बात ग्राम पंचायत ज्ञानापुर में बाबू हनुमान सिंह एवं शिक्षक नेता अजीत सिंह के संयुक्त संयोजन में हो रहे चौदह कोसीय सूर्यवंश क्षत्रिय महापंचायत में सूर्यवंश क्षत्रिय उत्थान समिति के बैनर तले समाज के अध्यक्ष भगवान बक्श सिंह ने बताते हुए कहा कि आज युवा पीढ़ी को अपने गौरवशाली इतिहास से परिचित कराने और क्षत्रिय समाज को संगठित करने की आवश्यकता है । हमें अब नया इतिहास नहीं गढ़ना है , बल्कि अपने समृद्धिशाली रहे इतिहास को नई पीढ़ी तक पहुंचाना ही हमारा कर्तव्य है ।
क्षत्रिय समाज के वरिष्ठ नेता जंग बहादुर सिंह ने कहा कि आज जो गतिविधियां आयोजित की जा रही है , वह अत्यन्त ही सराहनीय है । उन्होंने क्षत्रिय समाज की एकता और उत्थान के लिए निरंतर प्रयास करने का संकल्प लिया ।
वरिष्ठ सूर्यवंश नेता श्री सिंह ने कहा कि होनहार युवा पीढ़ी ने समाज के उत्थान का कार्य अपने हाथों में लिया है ,वह अत्यंत ही प्रशंसनीय है , एवं इस क्षत्रिय महापंचायत के पीछे का सोच समाज में गतिशीलता लाना है ।
क्षत्रिय समाज के संरक्षक दादा गुरु प्रसाद सिंह ने बताया कि इस महापंचायत का उद्देश्य समाज में एकता , प्रगति , जागरुकता और संगठन की भावना को सशक्त बनाना है ।
विधायक अभय सिंह ने बताया कि .क्षत्रिय समाज का इतिहास सदैव गौरवशाली रहा है । हमारे पूर्वजों ने देश की रक्षा , स्वाभिमान और धर्म की रक्षा के लिए प्राणों की आहुति दी है ।
महा पंचायत को क्षत्रिय नेता प्रमोद सिंह , बाबू राम प्रगट सिंह , क्षत्रिय कल्याण परिषद के नेता राजेश कुमार सिंह , अवधेश सिंह मुन्ना , नरेन्द्र सिंह काका , प्रधानाचार्य देवेन्द्र सिंह , प्रधानाचार्य डॉ० अमित सिंह सोनू , शिक्षक नेता विश्व नाथ सिंह , अमर प्रताप सिंह गब्बू , सुधीर सिंह मुन्ना , नंद कुमार सिंह अनिल , शिक्षक अजय कुमार सिंह , अभय प्रताप सिंह , विजय प्रताप सिंह लल्ले , रमेश सिंह , एवं राजेन्द्र प्रसाद सिंह सहित 115 सूर्यवंश क्षत्रिय गाँवों के लंबरदार एवं चौधरी मौजूद थे । महापंचायत के अंत में हजारों की संख्या में चारों सम्मानित पट्टियों के सूर्यवाशियों” बिरादरीभात ” में भाग लिया ।