अयोध्या। किसी ने सच ही कहा है कि डॉक्टर को भगवान का रूप माना गया है, ऐसा ही एक मामला सामने आया है। जहां पर एक डॉक्टर ने गंभीर बीमारियों से जूझ रही एक मरीज को नया जीवन दान देने का कार्य किया। मामला शहर के एक निजी अस्पताल का है, जहां पर एक गंभीर मरीज को लाया गया। यहां पर 10 दिन आईसीयू में इलाज चलने के बाद मरीज की जान बच पाई।
बस्ती जिले हरेवां शुक्ल की रहने वाली 18 वर्षीय संध्या जो की गंभीर बीमारी के चलते लखनऊ रेफर थी, लेकिन मरीज के परिवार वालों ने लखनऊ ना ले जाकर आनंद मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल में अचेत अवस्था में भर्ती कराया। जहां पर डॉ आनंद गुप्ता ने बताया कि मरीज का गुर्दा, लीवर फेलियर, खून की कमी, प्लेटलेट्स की कमी, दिमागी बुखार, जैसी कई बीमारियां जांच में सामने आई। इनका बचने का बहुत कम चांस था, मरीज के परिजन आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण पर्याप्त पैसे की व्यवस्था नहीं कर पाए। ऐसी स्थिति में मरीज की नाजुक हालत देखते हुए हमारे हॉस्पिटल में मरीज का 10 दिन निशुल्क इलाज चला, जिसके फल स्वरुप नया जीवनदान मिला। वहीं पर मरीज के परिवार वालों ने कहा कि भगवान के बारे में सुना था आज देख भी लिया