◆ श्रद्धालुओं की सुविधा व सुरक्षा को लेकर अधिकारियों को दिए निर्देश, 14 जुलाई से शुरू हो रहा श्रावण मास
अयोध्या। मंडलायुक्त गौरव दयाल की अध्यक्षता में सोमवार को आयुक्त सभागार में श्रावण मेले की तैयारियों और व्यवस्थाओं को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में मंडलायुक्त ने सभी संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि श्रावण मास में आयोजित होने वाले धार्मिक आयोजनों एवं श्रद्धालुओं की संभावित भीड़ को ध्यान में रखते हुए सभी व्यवस्थाएं समयबद्ध और समन्वय के साथ सुनिश्चित की जाएं।
उन्होंने विशेष रूप से सफाई, पेयजल, स्वास्थ्य सेवाएं, बिजली आपूर्ति, सुरक्षा, यातायात नियंत्रण और पार्किंग व्यवस्था की समीक्षा करते हुए कहा कि श्रावण मेला धार्मिक ही नहीं, सांस्कृतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण है, लिहाजा किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो।
मंडलायुक्त ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान विभिन्न जिलों से श्रद्धालु अयोध्या आकर सरयू स्नान और नागेश्वरनाथ मंदिर में जलाभिषेक करते हैं। इस बार श्रावण मास में 4 सोमवार (14, 21, 28 जुलाई और 4 अगस्त) पड़ रहे हैं, जिनके लिए पूर्व तैयारी अनिवार्य है। उन्होंने सिंचाई, लोक निर्माण, विद्युत, स्वास्थ्य, नगर निगम और अन्य विभागों को मेला संबंधी दायित्व समय से पूर्ण करने के निर्देश दिए।
पुलिस महानिरीक्षक प्रवीण कुमार ने मेला क्षेत्र में सुरक्षा, यातायात और बेरिकेडिंग की व्यवस्थाएं समय से पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मजिस्ट्रेट और पुलिस अधिकारी स्थल पर भ्रमणशील रहेंगे और ट्रैफिक प्लान पूर्व से लागू किया जाएगा ताकि श्रद्धालुओं को असुविधा न हो।
अपर जिलाधिकारी नगर योगानंद पांडेय ने बताया कि 27 जुलाई को मणि पर्वत मेला, 29 जुलाई को नागपंचमी, 31 जुलाई को गोस्वामी तुलसीदास जयंती, 5 अगस्त से झूलनोत्सव, 6 अगस्त को त्रयोदशी, और 9 अगस्त को रक्षाबंधन जैसे आयोजन होंगे। बैठक में नगर आयुक्त, सीएमओ, एसडीएम सहित सभी विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।