अयोध्या। जल जीवन मिशन के तहत संचालित योजनाओं की प्रगति को लेकर सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी निखिल टीकाराम फुंडे की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अधिशासी अभियंता, जल निगम (ग्रामीण) द्वारा जनपद में चल रही पेयजल योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की गई।
बैठक में बताया गया कि कुल 535 योजनाओं में से 203 योजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं तथा 79 योजनाओं में संचालन एवं अनुरक्षण (O&M) कार्य शुरू कर दिया गया है। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि दिसंबर 2025 तक सभी योजनाएं पूर्ण होनी चाहिए, और एक माह में कम से कम 50 योजनाओं में O&M कार्य प्रारंभ किया जाए।
जिलाधिकारी ने सड़क पुनर्स्थापन के कार्यों की गुणवत्ता को लेकर भी कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि सभी एजेंसियां कार्यों को मानकों के अनुरूप पूरा करें, अन्यथा उनके विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। सोलर इंस्टॉलेशन की धीमी प्रगति पर असंतोष जताते हुए कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने कहा कि हर घर नल से जल योजना के तहत कनेक्शन घर के भीतर ही सुनिश्चित किए जाएं। इसके साथ ही IGRS व सीएम हेल्पलाइन पर प्राप्त शिकायतों के समाधान के लिए फर्मों को डेडिकेटेड टीम गठित करने के निर्देश दिए गए हैं।
NHAI से लंबित अनुमति पत्र शीघ्र प्राप्त करने के लिए भी समन्वय करने के निर्देश अधिशासी अभियंता को दिए गए। इसके अलावा पूर्ण योजनाओं में VWSC के माध्यम से जल शुल्क संग्रहण शुरू करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में कार्यदायी संस्थाओं की प्रगति की समीक्षा में यूनिवर्सल एमईपी, गायत्री रामकी और वीटीएल–गजा जेवी की प्रगति संतोषजनक पाई गई, जबकि वीएसए–एससीएल जेवी की प्रगति पर नाराजगी जताते हुए सभी लंबित कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने सभी फर्मों के लिए साप्ताहिक और मासिक लक्ष्य तय करने तथा कार्यों की प्रगति की नियमित निगरानी करने के निर्देश दिए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, जल निगम के अधिकारी, परियोजना प्रबंधक, टीपीआई, आईएसए टीम और संबंधित संस्थाओं के प्रतिनिधि मौजूद रहे।