ग्राम सौनैसा थाना महाराजगंज की रहने वाली आरती का कहना है कि उसका पुत्र निखिल जमीन के क्रय व विक्रय का कार्य रामपुर हलवारा के रहने वाले मोहन व हनुमान मांझी के साथ करता था। जिसमें उसे कुछ रुपये मिलने थे। जिसे लेने के लिए वह अपने दो मित्र भिखी का पुरवा के रहने वाले नेतराम व आशापुर के रहने वाले नितेश यादव के साथ 18 मई की सुबह हनुमान के घर पर गया था। जिसमें हनुमान व मोहन ने रामजन्म, राजन, रोहित अन्य तीन चार लोगो से उसे मारने के लिए कहा। उसकी इन लोगो ने लाठी डण्डों से पिटाई की। जब वह भागने लगा तो हनुमान ने अपनी स्कार्पियो से उसे दौड़ा लिया। स्कार्पियों से टक्कर मारकर उसे गिरा दिया। जब आसपास के लोग दौड़े तो वह अपने वाहन को मौके पर छोड़कर भाग गये। अन्य दोनो युवको को गम्भीरावस्था में लखनउ रिफर कर दिया गया।